हरिद्वार। हरिद्वार के बहुचर्चित कनखल हत्याकांड में लंबे समय से फरार चल रहे 50 हजार रुपये के इनामी आरोपी सौरव उर्फ बिट्टू को उत्तराखंड एसटीएफ ने बागपत से गिरफ्तार कर लिया। 2024 में कनखल के श्रद्धा भक्ति आश्रम में 73 वर्षीय विशम्बर दास की हत्या के बाद से आरोपी पुलिस की गिरफ्त से बाहर था। इस मामले में चार आरोपी पहले ही जा चुके हैं जेल हैं।
जानकारी के अनुसार वर्ष 2024 में कनखल क्षेत्र स्थित श्रद्धा भक्ति आश्रम में महंत गोविन्द दास के करीब 73 वर्षीय शिष्य विशम्बर दास की हत्या कर दी गई थी। घटना के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। विवेचना के दौरान हत्याकांड में कुल छह आरोपियों के नाम प्रकाश में आए थे।
मामले में पुलिस चार आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है, जबकि सौरव उर्फ बिट्टू समेत दो आरोपी गिरफ्तारी से बचते हुए लगातार फरार चल रहे थे। फरार आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने दबाव बनाने के लिए उनके घरों की कुर्की की कार्रवाई भी की थी। इसके बावजूद आरोपी लगातार ठिकाने बदलकर पुलिस की गिरफ्त से बाहर चल रहे थे।
50 हजार का इनाम घोषित था
थाना कनखल में दर्ज मुकदमे में सौरव उर्फ बिट्टू के खिलाफ हत्या समेत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज है। आरोपी के खिलाफ धारा 302, 201, 120बी और 34 आईपीसी के तहत कार्रवाई की गई थी। लंबे समय से फरार रहने के कारण पुलिस उच्चाधिकारियों की ओर से उसकी गिरफ्तारी पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
मैनुअल पुलिसिंग से मिला सुराग
फरार इनामी आरोपी की तलाश में उत्तराखंड एसटीएफ लगातार काम कर रही थी। टीम ने मैनुअल पुलिसिंग और लगातार पतारसी-सुरागरसी के माध्यम से आरोपी के संभावित ठिकानों और गतिविधियों के संबंध में जानकारी जुटाई। इसी दौरान एसटीएफ को आरोपी के उत्तर प्रदेश के बागपत जिले में होने का इनपुट मिला। इनपुट की पुष्टि के बाद एसटीएफ टीम ने बागपत जिले के थाना दोघट क्षेत्र में कार्रवाई की। टीम ने गांव टीकरी से सौरव उर्फ बिट्टू को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को संबंधित कानूनी कार्रवाई के लिए पुलिस के सुपुर्द किया गया।

